मरवाही वन परिक्षेत्र में भालू के हमले की दो अलग-अलग घटनाओं से इलाके में दहशत का माहौल है। इन दोनों घटनाओं में कुल तीन लोग घायल हुए हैं, जिन्हें उपचार के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मरवाही में भर्ती कराया गया है।

पहली घटना नाका परिसर के कक्ष क्रमांक 2005 की बताई जा रही है। यहां 35 वर्षीय लालजी अपने गाय-बैल चराने जंगल की ओर गया था। इसी दौरान अचानक उसका सामना भालू से हो गया। भालू ने लालजी पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गया।
वहीं, दूसरी घटना शाम करीब 4:30 बजे की है। मनोज अपनी पत्नी सीतल और बेटे साजन के साथ खेत से काम खत्म कर बैल लेकर घर लौट रहा था। रास्ते में अचानक भालू सामने आ गया और उसने मनोज व उसकी पत्नी सीतल पर हमला कर दिया।

भालू से बचने के दौरान बेटे साजन ने गड्ढे में छलांग लगा दी, जिससे उसे भी अंदरूनी चोटें आईं। घटना के बाद तीनों घायलों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मरवाही ले जाया गया।
सूचना मिलने पर वन परिक्षेत्र अधिकारी अस्पताल पहुंचे और घायलों से मुलाकात कर घटनाक्रम की जानकारी ली। वन विभाग की ओर से घायल परिवारों को सहयोग राशि भी प्रदान की गई।
लगातार सामने आ रही भालू की गतिविधियों को देखते हुए वन विभाग ने ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की है। खासकर सुबह और शाम के समय जंगल की ओर जाने से बचने की सलाह दी गई है।
अगर जंगल या खेत के आसपास भालू दिखाई दे, तो उसके करीब जाने या उसे छेड़ने के बजाय सुरक्षित दूरी बनाए रखें और तत्काल वन विभाग को सूचना दें।
मरवाही में हुई इन घटनाओं के बाद जंगल से लगे इलाकों में ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। अब वन विभाग के सामने लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ भालू की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखने की चुनौती है।









